मणिपुर में जातीय तनाव
मणिपुर के बहुजातीय राज्य में समुदायों के बीच तनाव लगातार बढ़ रहा है, जिससे हिंसा की घटनाएं हो रही हैं। 3 मई, 2023 को शुरू हुए इस क्षेत्रीय संघर्ष ने व्यापक सामाजिक व्यवधान उत्पन्न किया है।
पृष्ठभूमि और ऐतिहासिक संदर्भ
- मणिपुर 1972 में एक राज्य बना, जिसमें 33 मान्यता प्राप्त जनजातियाँ शामिल हैं, जिनमें से प्रत्येक की अपनी अलग पहचान और संस्कृति है।
- ऐतिहासिक विद्रोहों और जातीय संघर्षों के बावजूद, एक समय ऐसा भी था जब जनजातियाँ और गैर-जनजातीय समुदाय शांतिपूर्वक सह-अस्तित्व में थे।
- हालिया हिंसा की जड़ें उच्च न्यायालय के उस फैसले में निहित हैं जिसमें मैतेई समुदाय को अनुसूचित जनजाति का दर्जा प्राप्त करने की अनुमति दी गई थी, जिससे जनजातीय समूहों द्वारा विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए थे क्योंकि उन्हें डर था कि मैतेई समुदाय को अधिक लाभ प्राप्त होंगे।
सिफारिश
- शांति बहाल करने के लिए राजनीतिक और नागरिक समाज के नेताओं को संवाद में शामिल होने और पहचान और हाशिए पर धकेले जाने से संबंधित मुद्दों को संबोधित करने की तत्काल आवश्यकता है।