2025-2026 में भू-राजनीतिक और आर्थिक अनिश्चितता
वर्ष 2025 और 2026 में महत्वपूर्ण भू-राजनीतिक और आर्थिक अस्थिरता देखी गई है।
अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट का फैसला
- अमेरिकी सर्वोच्च न्यायालय ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प द्वारा अंतर्राष्ट्रीय आपातकालीन आर्थिक शक्तियां अधिनियम (IEEPA) के उपयोग को गैरकानूनी घोषित किया।
- यह फैसला वैश्विक व्यापार में अस्थिरता को बढ़ाता है, हालांकि यह कार्यपालिका के अत्यधिक हस्तक्षेप के खिलाफ आश्वासन देता है।
व्यापार शुल्क और नीतियां
- ट्रंप ने अधिकांश वस्तुओं पर 10% का वैश्विक टैरिफ लगाने की घोषणा की, जिसे बाद में बढ़ाकर 15% कर दिया गया।
- अमेरिका को होने वाले भारतीय निर्यात पर लगने वाले शुल्क में उतार-चढ़ाव देखा गया:
- प्रारंभ में इसे MFN (मोस्ट फेवर्ड नेशन) दरें प्राप्त हुईं।
- रूसी तेल आयात पर 26% का पारस्परिक टैरिफ और अतिरिक्त 25% का जुर्माना लगाया गया।
- अमेरिका के साथ प्रारंभिक व्यापार समझौते के बाद ब्याज दर को कम करके 18% पर तय किया गया।
- यह 15% का शुल्क अस्थायी है, जो 150 दिनों तक चलेगा और इसका भविष्य अनिश्चित है।
- कम टैरिफ के साथ व्यापार नीति में स्थिरता जल्द ही लौटने की संभावना नहीं है।
- अदालत द्वारा वसूले गए 100 अरब डॉलर से अधिक के शुल्क की वापसी का मामला अभी भी अनसुलझा है।
भारत का रणनीतिक नौवहन
- भारत ने अप्रत्याशित वैश्विक परिदृश्य में कुशलतापूर्वक संतुलन बनाए रखा है।
- यूरोपीय संघ के साथ व्यापार वार्ता और अमेरिका के साथ समझौते को सफलतापूर्वक संपन्न किया गया।
- हाल ही में अमेरिकी अदालत के फैसले से भारत को ट्रंप प्रशासन के साथ चल रही व्यापार वार्ता में लाभ मिल सकता है।