एसईजेड इकाइयों के लिए एकमुश्त राहत उपाय
सरकार ने एक बार की राहत योजना शुरू की है जिसके तहत विशेष आर्थिक क्षेत्रों (SEZ) की इकाइयों को एक वर्ष की अवधि के लिए कम सीमा शुल्क पर घरेलू बाजारों में अपने उत्पाद बेचने की सुविधा मिलेगी।
मुख्य विवरण और उद्देश्य
- इस राहत उपाय का उद्देश्य निर्यातकों को भू-राजनीतिक अनिश्चितताओं से निपटने में सहायता करना और अनिश्चित निर्यात बाजार के कारण निष्क्रिय पड़ी एसईजेड इकाइयों को उनकी क्षमता का उपयोग करने में मदद करना है।
- यह उपाय 1 अप्रैल, 2026 से 31 मार्च, 2027 तक प्रभावी रहेगा।
- इसमें कई उत्पाद श्रेणियां शामिल हैं, जिनमें निम्नलिखित शामिल हैं:
- प्लास्टिक
- वस्त्र
- रसायन
लागू शर्तें
- कम की गई शुल्क दरें 5% से 12.5% के बीच होंगी।
- कम शुल्क केवल उन इकाइयों पर लागू होगा जिन्होंने 31 मार्च, 2025 को या उससे पहले उत्पादन शुरू किया था।
- इकाइयों को नामित अधिकारी को यह साबित करना होगा कि माल अधिसूचना के अनुलग्नक में निर्दिष्ट शर्तों को पूरा करता है।
- मुक्त व्यापार भंडारण क्षेत्र इस लाभ से बाहर रखे गए हैं।
संदर्भ और सीमाएँ
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने फरवरी के बजट भाषण में इस एकमुश्त उपाय का उल्लेख किया था, जो पात्र SEZ विनिर्माण इकाइयों को 'रियायती शुल्क' पर घरेलू स्तर पर बिक्री करने की अनुमति देता है।
- घरेलू टैरिफ क्षेत्र में इकाइयों को होने वाले नुकसान से बचाने और सुरक्षा उपायों को बनाए रखने के लिए घरेलू बिक्री की मात्रा उनके निर्यात के एक निश्चित अनुपात तक सीमित रहेगी।