CBSE के नए पाठ्यक्रम का अवलोकन
केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने आगामी वर्षों में लागू होने वाला एक संशोधित पाठ्यक्रम पेश किया है। यह पाठ्यक्रम राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 और स्कूली शिक्षा के लिए राष्ट्रीय पाठ्यक्रम ढांचा 2023 के अनुरूप है।
प्रमुख विशेषताऐं
- अनिवार्य तीसरी भाषा: कक्षा 6 से, एक तीसरी भाषा अनिवार्य होगी।
- कम्प्यूटेशनल थिंकिंग (CT) और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI):
- 2027-28 के शैक्षणिक सत्र से कक्षा 9 से AI और CT पाठ्यक्रम अनिवार्य होगा।
- इन विषयों की पहली बोर्ड परीक्षाएं 2029 में होंगी।
- उन्नत गणित और विज्ञान:
- कक्षा 10 के लिए वैकल्पिक उन्नत मूल्यांकन शुरू किए गए हैं।
- पहला बैच 2028 में उन्नत स्तर के मूल्यांकन में भाग लेगा।
- कला और शारीरिक शिक्षा:
- नई पाठ्यपुस्तकों के साथ इसे अनिवार्य कर दिया गया है।
- मौजूदा वैकल्पिक विषयों को बंद किया जा सकता है।
भाषा शिक्षा पुनर्गठन
- त्रिभाषा प्रणाली:
- भाषाएँ R1, R2 और R3 प्रवीणता स्तरों पर पढ़ाई जाती हैं।
- 2026-27 सत्र में कक्षा 6 से R3 स्तर की पाठ्यपुस्तकें शुरू की जाएंगी।
- विस्तारित भाषा पेशकश: मैथिली, संथाली, डोगरी और कोंकणी को पाठ्यक्रम में जोड़ा गया।
कार्यान्वयन और संसाधन
- कक्षा 9 के लिए CT और AI की नई पाठ्यपुस्तकें तैयार की जा रही हैं और ये 2027-28 शैक्षणिक वर्ष के लिए उपलब्ध होंगी।
- बोर्ड की योजना है कि आने वाले वर्षों में नई पाठ्यपुस्तकों और पाठ्यक्रमों के साथ चरणबद्ध तरीके से इसे लागू किया जाए।
मूल्यांकन और परीक्षा में परिवर्तन
- आंतरिक परीक्षाओं में कला शिक्षा और व्यावसायिक अध्ययन जैसे नए अनिवार्य विषयों का मूल्यांकन किया जाएगा।
- उन्नत गणित और विज्ञान के आकलन में एक-एक घंटे की अतिरिक्त परीक्षाएं शामिल होंगी, जिनमें 50% से अधिक अंक प्राप्त करने वालों को उपलब्धि के रूप में दर्ज किया जाएगा।