ICG ने केरल तट पर जलते हुए कार्गो जहाज को नियंत्रित करने के लिए अभियान तेज किया | Current Affairs | Vision IAS
मेनू
होम

यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा के लिए प्रासंगिक राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय विकास पर समय-समय पर तैयार किए गए लेख और अपडेट।

त्वरित लिंक

High-quality MCQs and Mains Answer Writing to sharpen skills and reinforce learning every day.

महत्वपूर्ण यूपीएससी विषयों पर डीप डाइव, मास्टर क्लासेस आदि जैसी पहलों के तहत व्याख्यात्मक और विषयगत अवधारणा-निर्माण वीडियो देखें।

करंट अफेयर्स कार्यक्रम

यूपीएससी की तैयारी के लिए हमारे सभी प्रमुख, आधार और उन्नत पाठ्यक्रमों का एक व्यापक अवलोकन।

ESC

भारतीय तटरक्षक बल (ICG) केरल के पास समुद्र में आगजनी की दुर्घटना से ग्रस्त जहाज के चालक दल को बचाने और जहाज को खींचने (टो करने) के लिए राहत अभियान चला रहा है। यह जहाज भारत के अनन्य आर्थिक क्षेत्र (EEZ) में आ गया था।

  • इससे पहले भी, पिछले महीने एक कंटेनर जहाज केरल तट के पास डूब गया था। इससे खतरनाक रसायन का तट के करीब रिसाव हो गया था। इस वजह से समुद्री आपदाओं व सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ गई थीं।

समुद्री नौवहन से जुड़ी आपदाओं के जोखिम

  • समुद्र और उसके खतरे: कुछ खतरे पूर्वानुमानित होते हैं (जैसे तूफान, बर्फबारी आदि) तथा कुछ अप्रत्याशित (जैसे सुनामी, कोई पनडुब्बी या डूबा हुआ मलबा, समुद्री माइंस आदि) हो सकते हैं।
    • जलडमरूमध्य और समुद्री चैनल्स (जैसे पनामा, स्वेज नहर) में खतरे अधिक होते हैं क्योंकि उथले जल में कई जहाजों का मलबा होता है।
  • जहाज की स्थिति: पुराने और तकनीकी रूप से पिछड़े जहाजों तथा अधिक भार वाले फेरी जहाजों की संख्या बढ़ने से जोखिम बढ़ता है।
  • नए जोखिम: खतरनाक रासायनिक उत्पादों, खतरे वाले उत्पादों, परमाणु अपशिष्ट, विस्फोटक सामग्री, पनडुब्बियों और हथियारों का परिवहन।
  • अन्य कारक: मानवीय त्रुटि, युद्ध, समुद्री डकैती, आतंकवाद, आदि।

परिणाम

  • पर्यावरण: समुद्री प्रदूषण (तेल रिसाव), जैव विविधता की हानि, जहाजों के बैलास्ट जल का संदूषण आदि।
  • स्वास्थ्य: रसायनों या तेल के संपर्क में आने पर सफाई कर्मचारियों और स्थानीय लोगों को लंबे समय तक स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं।
  • आर्थिक नुकसान और सुरक्षा: 
    • समुद्री तटों को नुकसान पहुंचता है, 
    • समुद्र तटों की सफाई पर व्यय बढ़ जाता है, 
    • तटीय आजीविका का नुकसान होता है, 
    • पर्यटन क्षेत्रक पर बुरा असर पड़ता है आदि।

संबंधित अंतर्राष्ट्रीय कन्वेंशंस

  • बंकर कन्वेंशन, 2001: इस कन्वेंशन के तहत जहाज के मालिकों को बंकर तेल से हुए प्रदूषण के लिए उत्तरदायी ठहराया जाता है। यह पीड़ितों को मुआवजा दिलाने और अनिवार्य बीमा कवरेज सुनिश्चित करता है।
  • रेक रिमूवल कन्वेंशन, 2007: इस कन्वेंशन के तहत पक्षकारों को यह कानूनी अधिकार दिया गया है कि वे समुद्र में डूबे ऐसे जहाजों के मलबे को हटा सकते हैं, जो नौवहन सुरक्षा के समक्ष खतरा पैदा करते हैं।
  • HNS कन्वेंशन, 1996: इसका उद्देश्य नुकसान, सफाई की लागत तथा पुनर्स्थापन उपायों के लिए मुआवजा सुनिश्चित करना है।
  • मार्पोल (MARPOL) कन्वेंशन (1973): यह समुद्री जहाजों से होने वाले प्रदूषण, विशेष रूप से तेल प्रदूषण को रोकने और नियंत्रित करने के लिए एक अंतर्राष्ट्रीय कन्वेंशन है।

नोट: उपर्युक्त कन्वेंशंस में से, भारत केवल मार्पोल कन्वेंशन का पक्षकार है।

Watch Video News Today

Explore Related Content

Discover more articles, videos, and terms related to this topic

RELATED VIDEOS

1
न्यूज़ टुडे | डेली करेंट अफेयर्स | 19 नवंबर, 2024

न्यूज़ टुडे | डेली करेंट अफेयर्स | 19 नवंबर, 2024

YouTube HD
Title is required. Maximum 500 characters.

Search Notes

Filter Notes

Loading your notes...
Searching your notes...
Loading more notes...
You've reached the end of your notes

No notes yet

Create your first note to get started.

No notes found

Try adjusting your search criteria or clear the search.

Saving...
Saved

Please select a subject.

Referenced Articles

linked

No references added yet