शोधकर्ताओं ने नमी-संवेदनशील न्यूरोमोर्फिक सेंसर विकसित किया है, जो स्मार्ट पर्यावरण निगरानी प्रणाली को सक्षम बनाने में मदद करेगा।
न्यूरोमोर्फिक सेंसर के बारे में
- यह पर्यावरण में परिवर्तनों, मुख्य रूप से आर्द्रता में परिवर्तन के प्रति मस्तिष्क की प्रतिक्रिया की नकल करता है।
- ये एक ही उपकरण में सेंसिंग, मेमोरी और प्रोसेसिंग को एकीकृत करके जैविक तंत्रिका तंत्र का अनुकरण करते हैं।
- महत्त्व: न्यूरोमोर्फिक सेंसर एक ही डिवाइस में सेंसिंग (डेटा लेना) और सिग्नल प्रोसेसिंग दोनों काम साथ-साथ करते हैं। इससे ऊर्जा की खपत कम हो जाती है। डेटा प्रोसेसिंग की जरूरत भी कम पड़ती है। पारंपरिक इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम की तुलना में यह ज्यादा तेज और कुशल होता है।
Article Sources
1 sourceशेर-ए-कश्मीर कृषि विज्ञान और प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (SKUAST) के वैज्ञानिकों ने दुर्लभ मोरेल मशरूम की नियंत्रित खेती में सफलता प्राप्त की है। पहले यह केवल हिमालय के जंगलों तक ही सीमित था।
मोरचेला मशरूम के बारे में

- यह खाने योग्य कवक (Fungi) का एक वंश है। इसकी पहचान इसकी हनीकॉम्ब (जालीदार) जैसी टोपी से होती है।
- गुण: इसमें मिट्टी जैसा स्वाद (Earthy flavor) होता है। यह उच्च प्रोटीन, एंटीऑक्सीडेंट और चिकित्सीय औषधीय गुणों से युक्त है।
- जटिल जीवन चक्र और विशिष्ट पारिस्थितिक स्थितियों के कारण इसकी खेती करना कठिन है।
- क्षेत्रीय नाम: गुच्छी, कनागुच्छी, कांगेच, छतरी।
- प्राप्ति क्षेत्र: जम्मू और कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड (उत्तर-पश्चिमी हिमालय)।
- यह अल्पकालिक वसंत ऋतु के दौरान उच्च तुंगता वाले समशीतोष्ण वनों में उगता है।
केंद्र सरकार ने केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सामान्य प्रशासन) अधिनियम, 2026 अधिसूचित कर दिया।
- यह अधिनियम पाँच CAPFs (CRPF, CISF, BSF, ITBP, SSB) के अधिकारियों के लिए भर्ती, प्रतिनियुक्ति, पदोन्नति और सेवा शर्तों को विनियमित करने हेतु एक एकीकृत कानूनी ढांचा प्रदान करता है।

CAPF के बारे में
- ये सात सशस्त्र पुलिस संगठन हैं जो केंद्रीय गृह मंत्रालय (MHA) के प्रशासनिक नियंत्रण में कार्य करते हैं।
- असम राइफल्स प्रशासनिक रूप से केंद्रीय गृह मंत्रालय के अधीन है। हालांकि, इसका परिचालन नियंत्रण रक्षा मंत्रालय के पास होता है।
- CAPFs में असम राइफल्स (AR), सीमा सुरक्षा बल (BSF), केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF), केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF), भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (ITBP), राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (NSG) और सशस्त्र सीमा बल (SSB) शामिल हैं।
- इनका नेतृत्व DGP रैंक के अधिकारियों द्वारा किया जाता है।
Article Sources
1 sourceभारत और भूटान ने पुनात्सांगछू-II जलविद्युत परियोजना के टैरिफ प्रोटोकॉल पर हस्ताक्षर किए हैं।
परियोजना के बारे में
- यह पुनात्सांगछू नदी पर 1020 मेगावाट की 'रन ऑफ द रिवर' परियोजना है।
- उद्गम: भूटान में फोछू और मोछू नदियों के संगम से पुनात्सांगछू नदी उत्पन्न होती है।
- यह नदी दक्षिण की ओर बहती हुई पश्चिम बंगाल के भारतीय मैदानों में प्रवेश करती है। यह ब्रह्मपुत्र नदी की सहायक नदी है।
Article Sources
1 sourceअंतर्राष्ट्रीय प्रकृति संरक्षण संघ (IUCN) ने अंटार्कटिक की कुछ प्रजातियों की संकटापन्न प्रजातियों की लाल सूची (Red List) को संशोधित किया है।
एम्परर पेंगुइन (Aptenodytes forsteri):
- संशोधित IUCN स्थिति: एंडेंजर्ड, जो पहले 'नियर थ्रेटेन्ड' थी।
- कारण: जलवायु परिवर्तन।
- विशेषताएं: यह पेंगुइन की 18 प्रजातियों में सबसे बड़ी है। इसमें शल्क जैसी परतों वाले पंखों के रूप में उत्कृष्ट इन्सुलेशन और शरीर में वसा का बड़ा भंडार होता है।
फर सील (Arctocephalus gazella):
- संशोधित IUCN स्थिति: एंडेंजर्ड, जो पहले 'लीस्ट कंसर्न' थी।
- कारण: जलवायु परिवर्तन।
- विशेषताएं: ये सबसे छोटी सील हैं और सी लॉयन से निकटता से संबंधित हैं। ये चारों फ्लिपर्स (पंख/पाद) पर चलने में सक्षम हैं और जमीन पर प्रजनन करती हैं। वसा की परतों वाली अन्य सील के विपरीत, गर्मी प्रदान करने के लिए इनके पास फर का मोटा कोट होता है।
सदर्न एलीफेंट सील (Mirounga leonina):
- संशोधित IUCN स्थिति: वल्नरेबल, जो पहले 'लीस्ट कंसर्न' थी।
- कारण: बर्ड फ्लू (एवियन इन्फ्लूएंजा)।
- विशेषताएं: ये पृथ्वी पर सील की सबसे बड़ी प्रजाति हैं। व्हेल के अलावा ये पृथ्वी पर सबसे बड़े स्तनपायी हैं और इनमें ब्लबर (वसा) की मोटी परत होती है।
कांडला बंदरगाह ने मेथनॉल बंकरिंग की दिशा में प्रगति की है, जो हरित समुद्री परिवहन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
- मेथनॉल बंकरिंग वास्तव में एक बंकरिंग केंद्र से जहाज में मेथनॉल ईंधन स्थानांतरित करने की प्रक्रिया है।
- गुजरात के कच्छ जिले में स्थित कांडला बंदरगाह (दीनदयाल पोर्ट) स्वतंत्रता के बाद भारत में विकसित पहला महापत्तन था।
मेथनॉल (CH3OH) के बारे में
- मेथनॉल जल में घुलनशील और आसानी से जैव-अपघटनीय है। यह अल्कोहल नामक कार्बनिक रसायनों के समूह का सबसे सरल सदस्य है।
- इसे 'वुड अल्कोहल' के रूप में भी जाना जाता है। इंजन के ईंधन के रूप में, मेथनॉल के रासायनिक और भौतिक गुण इथेनॉल के समान होते हैं।
- उपयोग: पेंट, कालीन, कपड़े, निर्माण सामग्री और स्वास्थ्य एवं दवा उत्पादों के उत्पादन के लिए एक रासायनिक बिल्डिंग ब्लॉक के रूप में।
Article Sources
1 sourceहाल ही में बांग्लादेश में खसरे के प्रकोप से 100 से अधिक बच्चों की मृत्यु हो गई।
खसरे के बारे में
- प्रकृति: यह अत्यधिक संक्रामक RNA वायरस (जीनस मोरबिलाइवायरस) है। संक्रमित व्यक्ति के खांसने, छींकने या बोलने के दौरान मुंह/नाक से निकली बारीक बूंदों (droplets) के माध्यम से फैलता है। ये बूंदें हवा के जरिए दूसरे व्यक्ति में प्रवेश कर सकती हैं।
- लक्षण: तेज बुखार, नाक बहना, कंजंक्टिवाइटिस और कोप्लिक स्पॉट (मुँह के सफेद घाव) इसके लक्षण हैं।
- जटिलताएं: गंभीर मामलों में निमोनिया, एन्सेफलाइटिस और अंधापन हो सकते हैं।
- रोकथाम: सुरक्षित और प्रभावी दो-खुराक वाला MMR टीका (खसरा, मंप्स और रूबेला के विरुद्ध एक संयुक्त टीका)।
- भारत ने 2026 तक खसरा और रूबेला उन्मूलन का लक्ष्य रखा है।