शत्रु संपत्ति अधिनियम, 1968 | Current Affairs | Vision IAS
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मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने एक अभिनेता की उस याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें सरकार द्वारा उनकी संपत्ति को शत्रु संपत्ति अधिनियम 1968 के तहत अधिसूचित करने पर आपत्ति जताई गई थी।

शत्रु संपत्ति अधिनियम,1968 के बारे में

  • इसमें 'शत्रु' को ऐसे देश (और उसके नागरिकों) के रूप में परिभाषित किया गया है जिसने भारत पर आक्रमण किया हो (जैसे: पाकिस्तान और चीन)।
  • भारत में शत्रु संपत्ति से आशय उस संपत्ति से है जो वर्तमान में शत्रु देश, या शत्रु देश के नागरिक या शत्रु देश की कंपनी के स्वामित्व में हो, या उनकी ओर से किसी और के संरक्षण में हो या प्रबंधित की जा रही हो। 
  • यह कानून ऐसी संपत्तियों को 'भारत के लिए शत्रु संपत्ति के अभिरक्षक' यानी केंद्रीय गृह मंत्रालय को सौंप देता है।
  • अधिनियम में 2017 के संशोधन द्वारा “शत्रु” की परिभाषा का विस्तार करते हुए इसमें निम्नलिखित को शामिल किया गया:
  • शत्रु देश का कानूनी उत्तराधिकारी या वारिस, चाहे वह भारत का नागरिक हो या न हो, या किसी ऐसे देश का नागरिक हो जो शत्रु देश न हो।
    • ऐसा व्यक्ति जो पहले शत्रु देश का नागरिक था, लेकिन बाद में उन्होंने किसी अन्य देश की नागरिकता ले ली हो।

लाल सागर में मालवाहक जहाजों पर नए हमले हुए हैं, और यमन के हूती विद्रोहियों ने एक जहाज को डुबोने का दावा किया है।

लाल सागर के बारे में

  • यह हिंद महासागर के उत्तर-पश्चिम में मौजूद एक सीमांत सागर है।
  • यह बाब अल मन्देब जलडमरूमध्य के माध्यम से अदन की खाड़ी से और स्वेज नहर के माध्यम से भूमध्य सागर से जुड़ा हुआ है।
  • तटीय देश: 
    • पश्चिम में: मिस्र, सूडान और इरीट्रिया, 
    • उत्तर-पूर्व में: इजरायल और जॉर्डन-अकाबा की खाड़ी के माध्यम से, तथा 
    • पूर्व में: सऊदी अरब और यमन
  • उत्तरी भाग में विभाजन: लाल सागर अपने उत्तरी भाग में दो भागों में विभाजित हो जाता है, स्वेज की खाड़ी (उत्तर-पश्चिम) और अकाबा की खाड़ी (उत्तर-पूर्व)।
  • इसमें विश्व का सबसे अधिक खारा समुद्री जल पाया जाता है।
  • लाल सागर क्षेत्र में बहुत ही कम वर्षा होती है तथा इसमें नदियों के माध्यम से जल भी नहीं पहुँचता है। 

जापान का तट रक्षक जहाज “इत्सुकुशिमा” संयुक्त युद्धाभ्यास 'जा माता' में भाग लेने के लिए चेन्नई पहुंच गया है।

‘जा माता’ के बारे में

  • जापानी भाषा में इसका अर्थ “फिर मिलेंगे” है। 
  • यह जापान और भारत तटरक्षक बल के बीच संयुक्त समुद्री युद्ध अभ्यास है।
  • उद्देश्य: प्रभावी संयुक्त अभियानों के लिए परिचालन क्षमताओं को बढ़ाना, युद्ध कौशल को निखारना और इंटर-ऑपरेबिलिटी क्षमता को मजबूत करना है।

CDSCO ने उन 17 दवाओं की सूची जारी की है जो अनुपयुक्त होने या एक्सपायर होने की दशा में नालियों में बहा देना चाहिए या टॉयलेट में फ्लश कर देना चाहिए ताकि इंसानों और पालतू जानवरों को नुकसान होने से बचाया जा सके।

  • इनमें ज्यादातर नशे की दवाइयां; जैसे फेंटेनाइल, ट्रामाडोल (दर्द निवारक), डायजेपाम (एंटी-एंग्जायटी मेडिसिन) आदि शामिल हैं।

केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन (CDSCO) के बारे में

  • यह केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के स्वास्थ्य सेवा महानिदेशालय के तहत केंद्रीय औषधि प्राधिकरण है। 
  • यह ड्रग्स एंड कॉस्मेटिक्स एक्ट (1940) के तहत केंद्र सरकार को सौंपे गए कार्यों को पूरा करता है।
    • दवाइयों के विनिर्माण, बिक्री और वितरण का विनियमन मुख्य रूप से राज्य सरकार की एजेंसियों का कार्य है, जबकि नई दवाइयों की मंजूरी देने की जिम्मेदारी केन्द्रीय प्राधिकरण की होती है।
  • कार्य
    • दवाइयों के आयात को विनियमित करना (आयात लाइसेंसिंग और विनियमन),
    • नई दवाइयों और क्लीनिकल ट्रायल्स को मंजूरी देना,
    • दवाइयों और कॉस्मेटिक्स पर प्रतिबंध लगाना,
    • औषधि परामर्शदात्री समिति (DCC) और औषधि तकनीकी सलाहकार बोर्ड (DTAB) की बैठकें आयोजित करना। 

केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री ने भारत मक्का शिखर सम्मेलन 2025 में मक्का के महत्व को रेखांकित किया।

मक्का फसल के बारे में

  • यह खरीफ फसल है। इस फसल का उपयोग भोजन और मवेशियों के लिए चारे, दोनों के रूप में किया जाता है।
  • विश्व स्तर पर इसे "अनाजों की रानी" भी कहा जाता है क्योंकि इसकी जेनेटिक यील्ड क्षमता अन्य अनाजों में सबसे अधिक होती है।
  • खेती के लिए आदर्श मृदा: इसके लिए अच्छी जल निकासी वाली रेतीली दोमट से लेकर गाद वाली दोमट मृदा उपयुक्त होती है। यह पुरानी जलोढ़ मृदा में काफी अच्छी तरह से उगती है। 
    • आदर्श pH मान: 5.5 से 7.5.
  • आदर्श तापमान: 21°C से 27°C
  • प्रमुख उत्पादक राज्य: कर्नाटक, मध्य प्रदेश, बिहार, तमिलनाडु, तेलंगाना, महाराष्ट्र और आंध्र प्रदेश।
    • उत्तरी अमेरिका, ब्राजील, चीन, रूस, कनाडा और मैक्सिको में भी मक्के की खेती की जाती है। 

नीति आयोग ने प्रस्तावित बैटरी पासपोर्ट फ्रेमवर्क पर संबंधित मंत्रालयों और विभागों के साथ विचार-विमर्श शुरू कर दिया है।

  • यूरोपीय संघ बैटरी विनियमन (2023) में 2 किलोवाट-घंटा (kWh) से अधिक क्षमता वाली औद्योगिक बैटरियों के लिए बैटरी पासपोर्ट की आवश्यकता का भी उल्लेख किया गया है।

बैटरी पासपोर्ट के बारे में

  • अर्थ: यह वास्तव में आधार संख्या जैसी है। बैटरी पासपोर्ट के तहत प्रत्येक बैटरी को एक विशिष्ट ID प्रदान की जाती है। इसमें प्रोडक्ट के बारे में जानकारी; जैसे कि उत्पत्ति स्रोत, प्रदर्शन क्षमता, संरचना, उपयोग समाप्ति अवधि आदि शामिल होती हैं। ये जानकारियां डिजिटल रूप से एक QR कोड में संग्रहित होती हैं।
  • महत्व: 
    • सुरक्षा और गुणवत्ता मानकों को बेहतर बनाया  जा सकेगा।
    • भारत से इलेक्ट्रिक वाहनों (EVs) के निर्यात को बढ़ावा मिलेगा।
    • पारदर्शी और सर्कुलर आपूर्ति श्रृंखला को बढ़ावा मिलेगा। 

मूसलाधार बारिश के कारण आई बाढ़ ने अमेरिका के मध्य टेक्सास के कई क्षेत्रों, विशेषकर ग्वाडालूप नदी के किनारे भारी तबाही मचाई है।

ग्वाडालूप नदी के बारे में

  • यह नदी टेक्सास के केर काउंटी (Kerr County) में नॉर्थ और साउथ फोर्क्स से निकलती है। इस नदी को झरनों से जल प्राप्त होता है। 
    • आगे बहती हुई यह नदी मेक्सिको की खाड़ी में सैन एंटोनियो खाड़ी में मिल जाती है।
  • कैन्यन जलाशय और एडवर्ड्स एक्विफर (बालकोन्स फॉल्ट ज़ोन - सैन एंटोनियो भाग) इसके जलग्रहण क्षेत्र का हिस्सा है।
  • इस नदी में और इसके आसपास के क्षेत्र में आकस्मिक बाढ़ (फ्लैश फ्लड) आती रहती है। इसी वजह से इसे "फ्लैश फ्लड एली" नाम दिया गया है।
    • फ्लैश फ्लड एली की विशेषताओं में खड़ी ढलान, अधिक वर्षा और उथली मृदा शामिल हैं जो बाढ़ का कारण बनती है। 

जल जीवन मिशन (JJM) को फंड की कमी के कारण बड़ी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।

जल जीवन मिशन (JJM) के बारे में

  • शुरुआत: इस मिशन की शुरुआत 2019 में केंद्रीय जल शक्ति मंत्रालय के तहत केंद्र प्रायोजित योजना के रूप में की गई थी। 
  • लक्ष्य: देश के हर ग्रामीण परिवार को चालू अवस्था वाला नल-नल आपूर्ति कनेक्शन (FHTC) देना।
  • प्रमुख उद्देश्य: ग्रामीण भारत के सभी घरों में नल के कनेक्शन के जरिए सुरक्षित और पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराना। अब लक्ष्य प्राप्ति अवधि को 2024 से बढ़ाकर 2028 कर दिया गया है।
  • ध्यातव्य है कि  ‘पेयजल’ राज्य सूची का विषय है। इसलिए जल आपूर्ति के लिए योजना बनाना, मंजूरी देना, लागू करना, संचालन और रखरखाव राज्य सरकारों की जिम्मेदारियां हैं।
    • हालांकि, भारत सरकार, तकनीकी और वित्तीय सहायता देकर पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने में राज्यों के प्रयासों में मदद करती है।
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