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यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा के लिए प्रासंगिक राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय विकास पर समय-समय पर तैयार किए गए लेख और अपडेट।

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हाल ही में, भारत सरकार के जैव प्रौद्योगिकी विभाग (DBT) ने बायोमैन्युफैक्चरिंग और बायोफाउंड्री पहलों पर एक वेबिनार सीरीज आयोजित की थी। 

  • इसकी थीम "एंजाइमों की बायोमैन्युफैक्चरिंग" थी। 
  • बायोमैन्युफैक्चरिंग और बायोफाउंड्री, BioE3 नीति के तहत एक महत्वपूर्ण डोमेन है।
    • BioE3 से आशय है- बायोटेक्नोलॉजी फॉर इकॉनमी, एनवायरनमेंट एंड एम्प्लॉयमेंट।  

एंजाइम के बारे में

  • यह एक जैविक उत्प्रेरक यानी प्रोटीन है। यह कोशिका में विशिष्ट रासायनिक अभिक्रिया की दर को तेज करता है। 
  • ये लगातार उपयोग किए जाते हैं और अभिक्रिया के दौरान नष्ट नहीं होते हैं। 
  • उदाहरण: लाइपेज, एमाइलेज, प्रोटीज, आदि। 
  • उपयोग: 
    • औद्योगिक क्षेत्रक में: शराब के किण्वन में, पनीर बनाने में, आदि।  
    • फार्मास्यूटिकल में: दवाओं के उत्पादन में, आदि।

RBI ने प्रीपेड पेमेंट इंस्ट्रूमेंट्स (PPI) धारकों को थर्ड-पार्टी मोबाइल एप्लिकेशन के माध्यम से यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) के जरिये भुगतान करने और प्राप्त करने की अनुमति दी है।

प्रीपेड पेमेंट इंस्ट्रूमेंट्स (PPIs) के बारे में

  • PPIs वास्तव में अग्रिम रूप से जमा पैसे या वैल्यू के बदले में वस्तुओं और सेवाओं की खरीद, वित्तीय सेवाओं के संचालन, पैसा भेजने जैसी सुविधाएं प्रदान करते हैं। 
    • इनके उदाहरण हैं- मोबाइल वॉलेट, डिजिटल वॉलेट, गिफ्ट कार्ड, आदि 
  • PPIs बैंकों और गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों द्वारा जारी किए जा सकते हैं।
  • इनके दो प्रकार हैं: 
    • लघु PPIs: ये PPI धारक से बहुत कम विवरण प्राप्त करने के बाद जारी किए जाते हैं; तथा 
    • अपने ग्राहक को जानो (KYC) संबंधी सभी आवश्यकताएं पूरी होने पर जारी किए जाने वाले PPIs.

हाल ही में, राजस्थान सरकार ने संधारणीय निर्माण और अवसंरचना के लिए एम-सैंड, 2024 नीति जारी की।

मैन्युफैक्चर्ड सैंड (M-SAND) के बारे में

  • क्या है एम-सैंड: यह चट्टानों या खदान के पत्थरों को पीसकर बारीक पाउडर में बदल कर बनाया जाता है। इसका इस्तेमाल कंक्रीट निर्माण में नदी की रेत के विकल्प के रूप में किया जाता है।
  • मुख्य लाभ:
    • अनुकूल तरीके से कार्य करती है: इसमें सीमेंट के सेटिंग समय और गुणों को नुकसान पहुंचाने वाले कार्बनिक एवं घुलनशील यौगिक नहीं होते हैं। इसलिए, निर्माण कार्यों के लिए उपयुक्त है। 
    • मजबूत: इसमें मिट्टी, धूल और गाद कोटिंग जैसी अशुद्धियां नहीं होती हैं।
    • पर्यावरण के अनुकूल: इसे प्राप्त करने के लिए नदी के खनन की आवश्यकता नहीं पड़ती है। इससे भूजल की कमी, नदी में जल की कमी जैसी पर्यावरणीय आपदाओं को टाला जा सकता है।

हाल ही में, भारतीय रेलवे की माल ढुलाई परिचालन सूचना प्रणाली को वस्तु एवं सेवा कर (GST) की ई-वे बिल प्रणाली के साथ एकीकृत किया गया है।

 ई-वे बिल के बारे में 

  • यह एक प्रकार का डॉक्यूमेंट है। इसे 50,000 रुपये से अधिक मूल्य की वस्तुओं का परिवहन कर रहे ट्रांसपोर्टर को अपने पास रखना होता है।
  • इसे वस्तु एवं सेवा कर अधिनियम की धारा 68 द्वारा अनिवार्य किया गया है।
  • इसे माल ढुलाई शुरू करने से पहले पंजीकृत व्यक्तियों या ट्रांसपोर्टर द्वारा GST कॉमन पोर्टल से जनरेट किया जाता है।

हाल ही में, मजबूत पश्चिमी विक्षोभ के कारण हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के कुछ हिस्सों में बर्फबारी हुई है, जिसके चलते मौसम में बदलाव आया है। 

पश्चिमी विक्षोभ के बारे में 

  • इसके बारे में: पश्चिमी विक्षोभ भूमध्यसागरीय-क्षेत्र में उत्पन्न होने वाला बहिरूष्ण-कटिबंधीय (Extratropical) तूफान है। वहां से ये तूफान पूर्व दिशा में भारतीय उपमहाद्वीप की ओर बढ़ते हैं।
    • पश्चिमी विक्षोभ के कारण उत्तर-पश्चिमी भारतीय उपमहाद्वीप में बिना मानसून वाले मौसम में वर्षा होती है।
    • बहिरूष्ण-कटिबंधीय तूफ़ान निम्न दाब प्रणालियां हैं। 
  • गति: इसमें पवनों का प्रवाह पूर्व दिशा की ओर होता है। ऐसा पश्चिमी पवनों (उपोष्णकटिबंधीय जेट) के कारण होता है।
  • मौसम का प्रभाव: इस दौरान भारत के उत्तरी और उत्तर-पश्चिमी भागों में वर्षा, बर्फबारी या ओलावृष्टि देखने को मिलती है।
  • भारत के लिए महत्त्व: 
    • पश्चिमी विक्षोभों के कारण होने वाली वर्षा भारत में रबी फसलों (जैसे- गेहूं, सरसों) के लिए काफी लाभकारी मानी जाती है।
    • इसके अलावा, हिमालयी क्षेत्र में हुई बर्फबारी से ग्लेशियरों के पिघलने के चलते कम हुई बर्फ की भरपाई भी होती है।

नवीनतम ऑडिट किए गए खातों के अनुसार, पी.एम. केयर्स (प्रधान मंत्री नागरिक सहायता और आपातकालीन स्थिति राहत कोष) फंड में 2022-23 में 912 करोड़ करोड़ रुपये प्राप्त हुए हैं। 

पी.एम. केयर्स फंड के बारे में 

  • यह पंजीकरण अधिनियम, 1908 के तहत स्थापित एक सार्वजनिक धर्मार्थ ट्रस्ट है।
    • यह सरकारी बजट आवंटन का उपयोग नहीं करता है।
  • उद्देश्य: आपात स्थिति या आपदा के दौरान राहत और सहायता प्रदान करना।
  • अध्यक्ष और सदस्य: प्रधान मंत्री इसका पदेन अध्यक्ष होता है, तथा सदस्यों में रक्षा मंत्री, गृह मंत्री और वित्त मंत्री शामिल हैं।
  • कर लाभ: इसमें किया गया दान आयकर अधिनियम की धारा 80G के तहत 100% कर छूट के लिए पात्र हैं।
    • इस फंड में किया गया दान कंपनी अधिनियम, 2013 के तहत कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व CSR व्यय के रूप में भी माना जाएगा। 
  • यह फंड सूचना के अधिकार (RTI) के दायरे में नहीं आता है।

हाल ही में, प्रधान मंत्री ने स्वामित्व योजना के तहत 50 लाख से अधिक संपत्ति कार्ड वितरित किए।

स्वामित्व (SVAMITVA) योजना 

  • योजना के बारे में: SVAMITVA (गांवों का सर्वेक्षण और ग्रामीण क्षेत्रों में उन्नत प्रौद्योगिकी के साथ मानचित्रण योजना) एक केंद्रीय क्षेत्रक योजना है। 
  • मंत्रालय: पंचायती राज मंत्रालय। 
  • उद्देश्य:
    • आबादी वाले ग्रामीण क्षेत्रों में संपत्ति मालिकों को कानूनी स्वामित्व कार्ड जारी करके संपत्ति का स्पष्ट स्वामित्व स्थापित करना।
    • इसमें ग्रामीण परिवारों के लिए ‘अधिकार अभिलेख’ जारी करने हेतु भू-खंडों के मानचित्रण का कार्य ड्रोन से किया जा रहा है।
  • संभावित लाभ: संपत्तियों के मुद्रीकरण की सुविधा और बैंक ऋण को सक्षम बनाना; संपत्ति संबंधी विवादों को कम करना; व्यापक ग्राम स्तरीय योजना निर्माण आदि। 
  • प्रगति 
    • योजना के तहत 92% लक्षित गांवों का ड्रोन का उपयोग करके सर्वेक्षण किया गया है। 
    • 2.2 करोड़ संपत्ति कार्ड तैयार किए गए हैं।

यूनाइटेड स्टेट्स फ़ूड एंड ड्रग्स एडमिनिस्ट्रेशन (USFDA) ने कॉस्मेटिक्स को एस्बेस्टस-मुक्त रखने के लिए नए परीक्षण नियमों का प्रस्ताव किया।

एस्बेस्टस के बारे में

  • एस्बेस्टस प्राकृतिक रूप से पाए जाने वाले खनिज फाइबर्स का एक समूह है।
    • एस्बेस्टस के छह मुख्य रूप हैं। वर्तमान में उपयोग में आने वाला मुख्य एस्बेस्टस ‘क्राइसोटाइल’ (सफेद एस्बेस्टस) है।
  • मुख्य गुण: ऊष्मा रोधी और जंग-रोधक।
  • उपयोग: निर्माण सामग्री में, ऑटोमोबाइल उद्योग में, आदि।
  • स्वास्थ्य को खतरा: एस्बेस्टस के संपर्क में आने से फेफड़ों का कैंसर, लैरिंजियल (स्वरयंत्र) कैंसर और ओवेरियन कैंसर; मेसोथेलियोमा (फुफ्फुस और पेरिटोनियल लाइनिंग का कैंसर) का खतरा बढ़ जाता है।
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