प्रत्यक्ष कर विवाद से विश्वास योजना (DTVSV), 2024 | Current Affairs | Vision IAS
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केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) ने ‘विवाद से विश्वास योजना’ में भाग लेने वाले करदाताओं के लिए समय-सीमा बढ़ाने की घोषणा की है। 

‘प्रत्यक्ष कर विवाद से विश्वास योजना’ के बारे में 

  • वित्त मंत्री ने केंद्रीय बजट 2024 में इस योजना की घोषणा की थी। इसका उद्देश्य करदाताओं की आयकर विभाग के साथ विवादों को सुलझाने में मदद करना है। 
  • यह योजना करदाताओं को कर विवाद वाली राशि तथा इसके कुछ निश्चित प्रतिशत का भुगतान करके अपनी बकाया कर देनदारियों का निपटान करने की सुविधा प्रदान करती है।

अंतर-मंत्रालयी केंद्रीय दल (IMCT) ने वायनाड भूस्खलन को 'गंभीर प्रकृति की विपदा’ घोषित किया।

‘गंभीर प्रकृति की विपदा’ के बारे में

  • वैधानिक प्रावधान: राज्य आपदा प्रतिक्रिया कोष (SDRF) या राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया कोष (NDRF) के दिशा-निर्देशों में प्राकृतिक विपदा को ‘गंभीर प्रकृति की विपदा’ घोषित करने के लिए कोई विशिष्ट मानदंड नहीं दिया गया है।
  • हालांकि, अधिक जान-माल के नुकसान और उसकी गंभीरता के आधार पर, केंद्र सरकार इसे ‘गंभीर प्रकृति की विपदा’ मानती है। 
    • यह वर्गीकरण आमतौर पर अंतर-मंत्रालयी केंद्रीय दल (IMCT) की सिफारिशों पर आधारित होता है।
  • वित्तीय सहायता: "गंभीर प्रकृति की विपदा" से निपटने के लिए, राज्य को अपने SDRF में उपलब्ध शेष राशि के अलावा NDRF से भी अतिरिक्त धनराशि मिलती है।

हाल ही में, मिस्र ने स्वेज नहर के नए चैनल के विस्तार का परीक्षण पूरा किया।

  • चैनल का दो-तरफ़ा खंड अब 72 किमी से 82 कि.मी. तक फैला हुआ है, जिसकी कुल लंबाई 193 कि.मी. है। 

स्वेज नहर के बारे में

  • उद्घाटन तिथि: इस नहर का निर्माण कार्य 1859 में शुरू हुआ था, और 1869 में जाकर पूरा हुआ था। 
  • अवस्थिति: यह मिस्र में स्वेज़ स्थलसंधि को पार करते हुए मानव निर्मित जलमार्ग है।
    • यह नहर भूमध्य सागर को लाल सागर के माध्यम से हिंद महासागर से जोड़ती है।
    • महत्त्व: वैश्विक व्यापार का लगभग 12% स्वेज नहर के माध्यम से संपन्न होता है। एशिया से आने वाले जहाज 30 कि.मी. चौड़े बाब-अल-मन्देब जलडमरूमध्य के माध्यम से स्वेज नहर तक पहुंचते हैं।

पश्चिम बंगाल ने तीस्ता नदी से पाइपलाइनों के माध्यम से खेतों में जल की आपूर्ति करने का निर्णय लिया।

तीस्ता नदी के बारे में

  • लंबाई: यह भारत और बांग्लादेश से होकर बहने वाली ब्रह्मपुत्र नदी की दाहिने तट की सहायक नदी है। यह लगभग 400 कि.मी. लंबी है।
  • उत्पत्ति: इसकी उत्पत्ति सिक्किम में एक हिमनदीय झील खांगचुंग छो से छोम्बो छू के रूप में होती है। 
    • तीस्ता नदी सिक्किम और उत्तरी पश्चिम बंगाल के लोगों की जीवन रेखा है।
  • प्रमुख सहायक नदियां: लाचुंग छू, चाकुंग छू, जेमु छू, रंगित आदि।

भारतीय थल सेना ने पैंगोंग झील के तट पर शिवाजी की प्रतिमा का अनावरण किया।

पैंगोंग झील के बारे में

  • अवस्थिति: यह झील पूर्वी लद्दाख में 4350 मीटर की ऊंचाई पर स्थित है। पैंगोंग झील विश्व में सबसे अधिक ऊंचाई पर स्थित खारे जल की झील है।
  • क्षेत्रफल: यह झील लगभग 160 किलोमीटर क्षेत्र में फैली है। पैंगोंग झील का एक तिहाई हिस्सा भारत में और दो तिहाई हिस्सा चीन में है।
  • मुख्य विशेषताएं:
    • यह एंडोर्फिक यानी चारों ओर से भूमि से घिरी हुई झील है।  
    • इस झील का पानी समय-समय पर नीला, हरा और लाल दिखाई देता है।
    • इस झील का नाम तिब्बती भाषा की शब्दावली "पैंगोंग त्सो" से लिया गया है। इसका अर्थ है "ऊंचाई पर स्थित घास के मैदान वाली झील।”

हाल ही में, H1-B वीज़ा की कुल स्वीकृतियों में से 70% से अधिक भारतीयों ने प्राप्त की हैं। इस कारण यह वीज़ा फिर से सुर्ख़ियों में आ गया है। 

H1-B वीजा के बारे में

  • उद्देश्य: इसकी शुरुआत 1990 में संयुक्त राज्य अमेरिका में कौशल की कमी को पूरा करने के लिए की गई थी। इसके तहत नियोक्ताओं को "उच्च स्तर के कौशल" की आवश्यकता वाले विशेष व्यवसायों में आप्रवासी कामगारों को नियुक्त करने की अनुमति दी जाती है। 
  • अवधि: यह छह साल तक के लिए वैध होता है। इस अवधि के बाद, वीज़ा धारक को या तो कम-से-कम 12 महीने के लिए अमेरिका छोड़ना होता है या स्थायी निवास के लिए आवेदन करना होता है।

17वीं लोक सभा ने गैर-सरकारी विधेयकों पर चर्चा के लिए केवल 9.08 घंटों का समय दिया। 

गैर-सरकारी विधेयक’ के बारे में

  • यह एक प्रकार का विधायी प्रस्ताव है। इसे संसद के उन व्यक्तिगत सदस्यों द्वारा प्रस्तुत किया जाता है, जो मंत्रिमंडल के सदस्य नहीं हैं।
  • विधेयक प्रस्तुत करने और चर्चा के लिए समय का आवंटन: लोक सभा में प्रत्येक शुक्रवार को बैठक के अंतिम ढाई घंटे गैर-सरकारी विधेयकों के लिए आवंटित किए जाते हैं।
    • राज्य सभा में एक शुक्रवार के अंतराल पर बैठक के अंतिम ढाई घंटे आवंटित किए जाते हैं।
  • विधेयक पेश करने के लिए 1 महीने का नोटिस देना होता है।
  • आज तक, केवल 14 गैर-सरकारी विधेयक पारित किए गए हैं और उन्हें राष्ट्रपति की मंजूरी मिली है।
    • अंतिम बार 1970 में किसी गैर-सरकारी विधेयक को संसद में पारित किया गया था।

कुछ रिपोर्ट्स के अनुसार, तटीय सुरक्षा योजना के चरण-I और चरण-II की हालिया समीक्षा के दौरान, 13 तटीय राज्यों में गंभीर खामियों को उजागर किया गया।

तटीय सुरक्षा योजना के बारे में 

  • इस योजना के चरण-I (2005-2011) और चरण-II (2012-2020) सभी तटीय राज्यों/ केंद्र शासित प्रदेशों में कार्यान्वित किए गए हैं। 
  • उद्देश्य: इसका उद्देश्य समुद्री गश्त के लिए तटीय राज्यों/ केंद्र शासित प्रदेशों को अतिरिक्त अवसंरचनात्मक सहायता प्रदान करना और अन्य तटीय सुरक्षा पहलों को समर्थन प्रदान करना है। 
    • योजना के तहत जेटी, समुद्री परिचालन केंद्र, मोटरसाइकिल आदि सुविधाओं के रूप में सहायता दी जाती है।
  • योजना की वर्तमान स्थिति: इस योजना के तहत लगभग 204 तटीय पुलिस स्टेशन कार्य करने लगे हैं।
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