केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री ने नया आधार ऐप जारी किया।
- इसे भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) ने विकसित किया है। इसका उद्देश्य पहचान सत्यापन प्रक्रियाओं को सरल बनाना है, जैसे UPI आधारित भुगतान।
नए mAadhaar ऐप की मुख्य विशेषताएं
- क्यूआर कोड-आधारित त्वरित सत्यापन: उपयोगकर्ता UPI भुगतानों के समान ही "पॉइंट्स ऑफ ऑथेंटिकेशन" पर क्यूआर कोड स्कैन कर सकते हैं।
- चेहरा प्रमाणीकरण: यह सुविधा रियल-टाइम में चेहरा पहचान कर सुरक्षित पहचान सुनिश्चित करती है।
- डेटा का सुरक्षित साझाकरण: आधार से जुड़ी जानकारी सीधे उपयोगकर्ता के मोबाइल डिवाइस से साझा की जाती है। इससे निजता बनी रहती है।
- उपयोगकर्ता द्वारा नियंत्रित एक्सेस: डेटा केवल उपयोगकर्ता की सहमति से और जितना आवश्यक हो उतना ही साझा किया जाएगा।
केंद्रीय रेल मंत्री ने घोषणा की कि मुंबई की उपनगरीय ट्रेन सेवा को उन्नत करने के लिए कवच 5.0 लागू किया जाएगा।
- कवच 5.0 से इंटर-ट्रेन हेडवे में काफी कमी आने की उम्मीद है, जिससे ट्रेनें अधिक सुरक्षित और कुशलतापूर्वक चल सकेंगी।
कवच के बारे में
- कवच एक स्वचालित ट्रेन सुरक्षा प्रणाली है, जिसे ट्रेन सुरक्षा और दक्षता में सुधार के लिए डिज़ाइन किया गया है।
- कार्य: कवच प्रणाली ट्रेन में सिग्नल की जानकारी स्क्रीन पर प्रदर्शित करके लोको पायलट की मदद करती है तथा यदि लोको पायलट ब्रेक लगाने में विफल रहता है, तो यह प्रणाली स्वचालित रूप से ब्रेक लगा देती है।
- हर मौसम में काम करने में सक्षम: यह प्रणाली कोहरे जैसी चरम मौसम की स्थिति में भी ट्रेन के सुचारू संचालन को सक्षम बनाती है।
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1 sourceभारत ने आसियान-भारत वस्तु व्यापार समझौते (AITIGA) पर संयुक्त समिति की 8वीं बैठक की मेजबानी की।
- दक्षिण-पूर्वी एशियाई राष्ट्रों का संगठन (आसियान/ ASEAN) की स्थापना 1967 में बैंकॉक (थाईलैंड) में 10 देशों के एक समूह के रूप में की गई थी।
AITIGA के बारे में
- उत्पत्ति: AITIGA पर 2009 में हस्ताक्षर किए गए थे और यह 2010 में लागू हुआ था।
- अधिदेश: इस समझौते के तहत, प्रत्येक पक्ष को GATT, 1994 के अनुसार दूसरे पक्षों की वस्तुओं को नेशनल ट्रीटमेंट प्रदान करना होगा।
- व्यापार: भारत और आसियान के बीच द्विपक्षीय व्यापार 121 बिलियन अमेरिकी डॉलर (2023-24) तक पहुंच गया है।
- भारत के वैश्विक व्यापार में आसियान की हिस्सेदारी लगभग 11% है।
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1 sourceएक रिपोर्ट के अनुसार परमाणु संलयन से चलने वाला रॉकेट सनबर्ड , प्लूटो तक सिर्फ 4 साल में पहुंचने में मदद कर सकता है।
सनबर्ड के बारे में
- सनबर्ड एक परमाणु संलयन-आधारित रॉकेट है। इसे पल्सर फ्यूजन (यूनाइटेड किंगडम) और प्रिंसटन सैटेलाइट सिस्टम्स (संयुक्त राज्य अमेरिका) द्वारा विकसित किया जा रहा है।
- यह ड्यूल डायरेक्ट फ्यूजन ड्राइव (DDFD) तकनीक द्वारा संचालित होता है। इसमें हीलियम-3 और ड्यूटेरियम का उपयोग करके DDFD तकनीक थ्रस्ट और बिजली दोनों उत्पन्न किए जाते हैं, जो अंतरग्रहीय अंतरिक्ष यात्रा में एक क्रांतिकारी कदम है।
- इससे अंतरिक्ष यान को 805,000 किलोमीटर प्रति घंटे तक की गति से यात्रा करने में मदद मिलने की उम्मीद है।
DRDO ने लॉन्ग रेंज ग्लाइड बम 'गौरव' का सफलतापूर्वक परीक्षण किया।
'गौरव' के बारे में
- प्रकार: लॉन्ग रेंज ग्लाइड बम (LRGB)।
- वजन: 1,000 किलोग्राम श्रेणी।
- रेंज: यह लगभग 100 किलोमीटर की रेंज में सटीकता के साथ लक्ष्य को भेदने में सफल रहा।विकास: इसे स्वदेशी रूप से डिजाइन और विकसित किया गया
- है।
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1 sourceसंयुक्त राज्य अमेरिका ने शैडो फ्लीट के उपयोग के माध्यम से ईरान के तेल व्यापार में मदद करने के आरोप में संयुक्त अरब अमीरात स्थित भारत से संबद्ध फर्मों पर प्रतिबंध लगाया।
शैडो फ्लीट के बारे में
- यह उन जहाजों का एक समूह होता है, जो अंतर्राष्ट्रीय प्रतिबंधों के तहत आने वाले देशों के लिए गुप्त रूप से तेल का परिवहन करते हैं। साथ ही, निगरानी तथा ट्रैकिंग से बचने के लिए छिपे हुए मार्गों और जाली दस्तावेजों का इस्तेमाल करते है।
- वे कैसे काम करते हैं
- गुमनाम स्वामित्व: ये जहाज़ लाइबेरिया, पनामा या मार्शल आइलैंड्स आदि में शेल कंपनियों के नाम पर रजिस्टर्ड होते हैं।
- स्पूफिंग रणनीति: अपनी लोकेशन को छिपाने के लिए ये जहाज़ स्वचालित पहचान प्रणाली (AIS) को बंद कर देते हैं।
- जहाज से जहाज में तेल का ट्रांसफर: समुद्र के बीच में ही तेल को किसी "स्वच्छ" छवि वाले दूसरे जहाज में ट्रांसफर कर देते हैं, जिसकी पहचान अस्पष्ट होती है।
- दस्तावेज़ जालसाजी: नकली बीमा, फर्जी झंडे या फर्जी माल-सूचियों का इस्तेमाल करते हैं।
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1 sourceएक अध्ययन से पता चला है कि कुछ लाइकेन प्रजातियां मंगल ग्रह जैसी परिस्थितियों में भी जीवित तथा चयापचय रूप से सक्रिय रह सकती हैं।
लाइकेन के बारे में
- प्रकृति: लाइकेन: एक कवक (माइकोबायोंट) और शैवाल या सायनोबैक्टीरियम (फोटोबायोंट) के बीच सहजीवी संबंध है।
- इस सहजीवी संबंध में कवक आवास और सुरक्षा प्रदान करता है तथा शैवाल प्रकाश संश्लेषण के माध्यम से भोजन प्रदान करता है।
- लाइकेन भूमि की सतह के 8 प्रतिशत भाग पर फैले हुए हैं। पृथ्वी के कुछ सबसे चरम वातावरण जैसे अंटार्कटिका, उष्णकटिबंधीय मरुस्थल आदि जगहों पर भी लाइकेन पाए जाते हैं।
- भारत में लाइकेन की 2,700 से अधिक प्रजातियां पाई जाती हैं। पश्चिमी घाट, पूर्वी हिमालय और पूर्वोत्तर भारत में इनकी संख्या सर्वाधिक है।
- भारत का पहला लाइकेन पार्क 2020 में उत्तराखंड के मुनस्यारी में स्थापित किया गया था।
- पारिस्थितिकीय महत्त्व
- ये वायु प्रदूषण (विशेषकर SO₂ और भारी धातुओं के लिए) के जैव-संकेतक के रूप में कार्य करते हैं ।
- लाइकेन पारिस्थितिक अनुक्रमण में पहले कॉलोनाइजर होते हैं (विशेष रूप से चट्टानों, लावा, आदि पर)।
- ये सतहों को तोड़कर मृदा निर्माण में सहायता करते हैं।
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1 sourceछत्तीसगढ़ के रायपुर में भारत के पहले GaN-आधारित सेमीकंडक्टर प्लांट की आधारशिला रखी गई।
GaN-आधारित सेमीकंडक्टर के बारे में
- गैलियम नाइट्राइड (GaN) एक विशेष प्रकार का विस्तृत बैंड गैप सेमीकंडक्टर मटेरियल है, जो गैलियम और नाइट्रोजन से बना होता है।
- सेमीकंडक्टर एक ऐसा पदार्थ है, जो आंशिक रूप से विद्युत का संचालन करता है। इससे यह इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों में विद्युत संकेतों को नियंत्रित करने के लिए आवश्यक हो जाता है।
- GaN के लाभ:
- यह सिलिकॉन और अन्य पारंपरिक सेमीकंडक्टर की तुलना में बेहतर ऊर्जा दक्षता, तापीय स्थिरता और तेज़ स्विचिंग स्पीड प्रदान करता है।
- इससे सिस्टम की कुल लागत और परिचालन खर्च भी कम हो जाता है।
- GaN अगली पीढ़ी की प्रौद्योगिकियों जैसे अगली पीढ़ी के 5G और 6G नेटवर्क, उच्च प्रदर्शन वाले लैपटॉप, रक्षा प्रौद्योगिकियां, डेटा एनालिटिक्स और पावर इलेक्ट्रॉनिक्स को सशक्त बनाने के लिए महत्वपूर्ण है।